COVID-19 कोरोना संक्रमित रोगियों के लिए मुफ्त ऑक्सीजन करके देश को इस कठिन समय में सहयोग करने की वेदांता लिमिटेड (Vedanta) की नयी अर्जी पर उच्चतम न्यायालय (SC) शुक्रवार को विचार करेगा।
कॉपर निर्माता कंपनी वेदांता (Vedanta) ने अपनी अर्जी में तमिलनाडु स्थित अपने संयंत्र को खोलने की अनुमति मांगी है, ताकि वह ऑक्सीजन का उत्पादन करके कोरोना COVID-19 रोगियों की सेवा कर सके। वेदांता के इस संयंत्र को पर्यावरण कानूनों के उल्लंघन के लिए बंद करने का आदेश दिया गया था।
वेदांता की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता हरीश साल्वे ने मुख्य न्यायाधीश (CJI) शरद अरविंद बोबडे के समक्ष मामले का विशेष उल्लेख किया, जिसका केंद्र सरकार ने समर्थन किया। सॉलिसिटर जनरल (SC) तुषार मेहता ने दलील दी कि देश को ऑक्सीजन की सख्त जरूरत है।
श्री मेहता ने कहा, “वेदांता को केवल स्वास्थ्य उद्देश्यों के लिए ऑक्सीजन के उत्पादन की मंजूरी देनी चाहिए।”
तमिलनाडु सरकार की ओर से पेश वरिष्ठ वकील सीएस वैद्यनाथन ने दलील दी कि उन्हें आज सुबह ही आवेदन प्राप्त हुआ है, इसलिए मामले को अगले सप्ताह सुना जाये, लेकिन मुख्य न्यायाधीश ने मामले की सुनवाई के लिए कल की तारीख मुकर्रर की।