कोलकाता : दादा साहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित मशहूर बांगला अभिनेता सौमित्र चटर्जी का कोरोना वायरस (कोविड-19) से संक्रमित होने के 38 दिन बाद रविवार को पश्चिम बंगाल के कोलकाता के एक अस्पताल में निधन हो गया। उनके निधन पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, उपराष्ट्रपति एम वेंकैया नायडू, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तथा विभिन्न क्षेत्रों की हस्तियों ने शोक संवेदनाएं व्यक्ति की हैं।
सौमित्र चटर्जी 85 वर्ष के थे और उनके परिवार में पत्नी, एक बेटा और एक बेटी हैं। अभिनेता सौमित्र चटर्जी को कोरोना वायरस से संक्रमित पाए जाने के एक दिन बाद छह अक्टूबर को अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
भारतीय फिल्म जगत के प्रसिद्ध निर्देशक सत्यजीत रे के सबसे पसंदीदा अभिनेताओं में से एक सौमित्र चटर्जी की कोरोना की जांच रिपोर्ट 14 अक्टूबर को निगेटिव आई थी। इसके बाद भी उन्हें अस्पताल में भर्ती रखा गया था क्योंकि उन्हें स्वास्थ्य संबंधी अन्य परेशानी हो रही थी।
इससे पहले शनिवार को अभिनेता सौमित्र चटर्जी का उपचार कर रहे डॉक्टरों ने कहा था कि उनकी तबीयत बेहद नाजुक है और उनके स्वास्थ्य में किसी चमत्कार से ही सुखद परिणाम सामने आ सकते हैं।
बेले व्यू क्लिनिक के डॉ अरिंदम कर ने कहा था, “श्री चटर्जी की हालत पिछले 24 घंटों से ठीक नहीं है और उन्हें लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर रखा गया है। वह स्वस्थ नहीं हैं। ऐसा लगता है कि हमारी 40 दिनों की कोशिश उन्हें अच्छी तरह से स्वस्थ करने के लिए पर्याप्त नहीं थी। फिलहाल हमारे पास कहने के लिए कुछ भी नया नहीं है। हम सभी प्रार्थना करें कि वह स्वस्थ हो जाएं लेकिन ऐसा लगता है कि कोई अनुकूल परिणाम नहीं आ पाएगा।”
अभिनेता सौमित्र चटर्जी ने अपने करियर के दौरान वर्ष 2016 तक 210 से अधिक फिल्मों में काम किया। उन्हें 1986 में उनकी निर्देशित फिल्म ‘स्त्री के पत्र’ के लिए भी बहुत प्रशंसा मिली थी। यह फिल्म रवीन्द्र नाथ टैगोर के ‘स्त्रीर पत्र’ पर आधारित है। अभिनेता को 2012 में भारत सरकार ने दादा साहेब फाल्के पुरस्कार से सम्मानित किया था।
सौमित्र चटर्जी ने बंगाली थिएटर में एक अभिनेता के रूप में दो राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार जीते हैं और उन्हें 1998 में संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया था। वर्ष 2013 में आईबीएन लाइव ने उन्हें भारतीय सिनेमा का चेहरा बदलने वाले कलाकारो में से एक के रूप में नामित किया था।
दिग्गज अभिनेता को वर्ष 2014 में ‘रूपकथा नोय’ में उनकी शानदार भूमिका के लिए ‘फिल्मफेयर अवार्ड्स ईस्ट फॉर बेस्ट मेल एक्टर (क्रिटिक)’ से नवाजा गया था। उन्होंने अपने करियर में सात फिल्मफेयर पुरस्कार जीते और वर्ष 2006 में उन्हें फिल्म ‘पोडोकशेप’ के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के रूप में राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार से सम्मानित किया गया।
भारत सरकार ने बंगाल के इस दिग्गज अभिनेता को वर्ष 2004 में ‘पद्म भूषण’ पुरस्कार से भी सम्मानित किया। सौमित्र चटर्जी वर्ष 1956 में फिल्म ‘अपराजितो’ की कास्टिंग के दौरान महान निर्देशक सत्यजीत राय से संपर्क में आये थे जो नए चहेरों की तलाश में थे। राय को सौमित्र तभी बहुत पसंद आ गए थे लेकिन उस समय सौमित्र 20 वर्ष के थे और किशोर ‘अपू’ के किरदार के लिए फिट नहीं बैठ रहे थे।
निर्देशक सत्यजीत राय ने सौमित्र चटर्जी को याद रखा और दो वर्ष बाद उन्हें फिल्म ‘अपुर संसार’ में ‘अपु’ का युवा किरदार निभाने का अवसर दिया। आज सौमित्र चटर्जी का निधन हो गया है लेकिन उनका शानदार अभिनय उन्हें हमेशा लोगों के दिलों में जिंदा रखेगा।
इस बीच राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और सूचना एवं प्रसारण मंत्री प्रकाश जावड़ेकर समेत विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं एवं फिल्मी हस्तियों ने प्रसिद्ध बंगाली अभिनेता सौमित्र चटर्जी के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि भारतीय सिनेमा ने अपना एक लेजेंड खो दिया है।
श्री कोविंद ने कहा, “सौमित्र चटर्जी के निधन से भारतीय सिनेमा ने अपना एक लेजेंड खो दिया है। उन्हें ‘अपु’ के किरदार और सत्यजीत रे की फिल्मों में यादगार भूमिका निभाने के लिए विशेष रूप से याद किया जाएगा। उन्होंने अभियन के क्षेत्र में बहुत बड़ा योगदान दिया है।”
उन्होंने सौमित्र चटर्जी के परिवार, फिल्म जगत और दुनिया में अभिनेता के लाखों प्रशंसकों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुये कहा, “सौमित्र चटर्जी को उनके प्रदर्शन ने दादा साहेब फाल्के पुरस्कार, पद्म भूषण, लीजन ऑफ ऑनर समेत विभिन्न राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार दिलाया।”
इस बीच श्री अमित शाह ने भी सौमित्र चटर्जी के निधन पर शोक व्यक्त करते हुये कहा, “सौमित्र चटर्जी एक प्रतिष्ठित अभिनेता थे जिन्होंने बंगाली सिनेमा को एक नई ऊंचाई पर पहुंचाया। सौमित्र चटर्जी के निधन से भारतीय सिल्वर स्क्रीन ने एक बहुमूल्य रत्न खो दिया है। अभिनेता के परिवार और अनगिनत प्रशंसकों के प्रति मेरी संवेदनाएं हैं। ओम शांति।”
श्री प्रकाश जावड़ेकर ने भी सौमित्र चटर्जी के निधन पर दुख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा, “अभिनेता सौमित्र चटर्जी का निधन फिल्म इंडस्ट्री के लिए एक बड़ी क्षति है।” उन्होंने अभिनेता के परिवार, मित्रों और प्रशंसकों के प्रति संवेदना व्यक्त की।”