सुप्रीम कोर्ट ने बाहुबली नेता अतीक अहमद (Atique Ahmad) के बेटे मोहम्मद उमर (Mohammad Umar) को करारा झटका देते हुए मंगलवार को उसकी अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी।
न्यायमूर्ति एन वी रमना, न्यायमूर्ति सूर्यकांत और न्यायमूर्ति अनिरुद्ध बोस की खंडपीठ ने मोहम्मद उमर की अग्रिम जमानत याचिका की सुनवाई के दौरान कहा, “हम याचिका खारिज कर रहे हैं।”
मोहम्मद उमर अपने गुर्गों के साथ लखनऊ के प्रॉपर्टी कारोबारी मोहित जायसवाल को अगवा करके देवरिया जेल में बंद अपने पिता अतीक अहमद के पास ले गया था।
गौरतलब है कि जेल के बैरक में मोहित जयसवाल की पिटाई की गई थी और 45 करोड़ रुपये की जमीन के कागज पर जबरन दस्तखत करवा लिये गये थे। मोहित की एसयूवी गाड़ी भी वहीं रखवा ली गई थी।
इसी मामले में अतीक अहमद ने अग्रिम जमानत याचिका लगायी थी।
न्यायमूर्ति रमना ने कहा कि जुलाई 2019 में गैर-जमानती वारंट जारी हुआ था। जांच एजेंसी के हाथों से अब तक याचिकाकर्ता बचता रहा। जब इतना समय निकल गया है तब वह अग्रिम जमानत मांग रहा है, इसलिए उसे राहत नहीं दी जा सकती।