दिल्ली की घटना के बाद बागपत में पुलिस प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 40 दिन से चल रहे धरने को जबरन खत्म करा दिया। आरोप है कि पुलिस कर्मियों ने दिल्ली-सहारनपुर हाईवे पर एक साइड पर बैठे सैकड़ों किसानों से मौके से खदेड़ते हुए टैंट तक उखाड़ फेंक दिए और लाठियां भी फटकारी। मौके पर तनाव को देखते हुए पुलिस फोर्स तैनात कर दी गई है।
Police remove protesting farmers from protest site at Baghpat
"NHAI wrote letter requesting for completion of their work which was being delayed by protesting farmers. We've peacefully removed protesters from the site," says Amit Kumar Singh, ADM Baghpat pic.twitter.com/SMRX8yVvUd
— ANI UP/Uttarakhand (@ANINewsUP) January 27, 2021
बड़ौत में कृषि कानूनों के विरोध में करीब 40 दिन पूर्व खाप चौधरी सुरेन्द्र सिंह के नेतृत्व में धरने की शुरुआत हुई थी। बाद में सुरेन्द्र सिंह धरने से अलग-थलग हो गए थे। सुरेन्द्र सिंह के हटने के बाद दूसरे खापों के चौधरियों ने बेमियादी धरने का नेतृत्व संभाला। धीरे-धीरे कई किसान संगठनों के साथ खाप चौधरी सुरेन्द्र सिंह दुबारा से धरनास्थल पर लौट आए। गत दिवस गणतंत्र दिवस पर बड़ौत धरनास्थल से सैकड़ों किसान ट्रैक्टर रैली में गए थे। दिल्ली की घटना के बाद बुधवार दोपहर तक अधिकांश किसान दिल्ली से अपने-अपने गांव और बेमियादी धरनास्थल पर लौट आए थे।
बुधवार को पूरे दिन एडीएम अमित कुमार सिंह एवं एएसपी मनीष मिश्र ने धरनारत किसानों के साथ धरना समाप्त करने के लिए वार्ता की, लेकिन किसान अपनी मांगों पर अडिग रहे। पुलिस प्रशासनिक अफसर रात 11 बजे भारी पुलिस फोर्स के साथ धरनास्थल पर पहुंचे और किसानों को खदेड़ते हुए धरना खत्म करा दिया। मौके पर एसपी अभिषेक सिंह, एसडीएम दुर्गेश मिश्र, सीओ आलोक सिंह आदि मौजूद थे। मामले में एसपी अभिषेक सिंह कुछ भी बोलने से बच रहे थे।